परम पूज्य बृज बिहारी सरकार अनिकेत कृष्ण जी महाराज
सनातन संस्कृति के संवाहक, निराश्रित गौवंश के रक्षक एवं 51,000 शिवलिंग स्थापना के ऐतिहासिक आध्यात्मिक महासंकल्प के प्रणेता।

पूज्य अनिकेत कृष्ण जी महाराज
श्री बृज बिहारी गो तीर्थ धाम, मांगलिया, भोपाल
समर्पण, साधना और सनातन सेवा का जीवन।
पूज्य महाराज श्री का बाल्यकाल से ही आध्यात्मिक चिंतन एवं वैदिक ज्ञान के प्रति अगाध अनुराग रहा। उन्होंने सनातन परंपरा के विविध शास्त्रों, उपनिषदों एवं भक्ति साहित्य का गहन अनुशीलन किया है।
महाराज श्री का स्पष्ट मानना है कि धर्म केवल मंदिरों तक सीमित नहीं होना चाहिए, अपितु वह समाज के अंतिम व्यक्ति के आंसू पोंछने और निरीह मूक गौ माताओं की रक्षा में साकार होना चाहिए।
इसी पावन उद्देश्य को लेकर उन्होंने भोपाल की पावन धरा मांगलिया में 15 एकड़ के अर्धलक्षेश्वर धाम की आधारशिला रखी, जहाँ एक साथ 12 ज्योतिर्लिंगों, 51,000 शिवलिंगों, सुरभि गौशाला और आर्ष गुरुकुल का समागम हो रहा है।
“सनातन धर्म किसी का अहित नहीं सिखाता; यह समग्र ब्रह्मांड के कल्याण का विज्ञान है। जब गौ माता की रक्षा होगी और भगवान शिव की आराधना होगी, तब राष्ट्र स्वतः समर्थ और समृद्ध होगा।”
पूज्य महाराज श्री की आदर्श आश्रम दिनचर्या
नियम, संयम और सतत ईश्वर स्मरण से ओत-प्रोत दैनिक जीवन।
